MLT college छात्रसंघ अध्यक्ष को राजनीति साजिस एवम गंदी राजनीति के तहत फसाने एवम कल महाविद्यालय के शैक्षणिक माहौल को ध्वस्त करने वाले असमाजिक तत्व पर प्राथमिकी दर्ज करवाने के लिए आज ABVP ने महाविद्यालय में धरना प्रदर्शन किया।
छात्रसंघ चुनाव के समय से ही कुछ कॉलेज कर्मी के साथ संयुक्त छात्र संगठन के असमाजिक तत्व अभाविप और उसके कार्यकर्ताओं पर झूठे आरोप गढ़ कर महाविद्यालय को वेवजह बन्द रख कर अपनी राजीनीति साध रहें।ऐसे लोग सिर्फ छात्रहित के नाम पर स्वहित को साध रहें है।
ये लोग पूर्व में SNSRKS महाविद्यालय में भी कॉलेज कर्मियों के साथ मारपीट करते हुए तांडव मचाया था जो ABVP के पहल पर बन्द हुआ था।
लेकिन ऐसे लोगों को अब पहल नही जवाब देने का समय आ गया है और बताने की जरूरत है कि अगर छात्र के साथ अन्याय करोगे तो जवाब मिलेगा।
पूर्व में भी संयुक्त छात्र संगठन(CJDU ,NSUI, CRJD, JACP, AISA, AISF....)(BNMU छात्रसंघ चुनाव में भी ये सभी लोग मिल कर चुनाव लड़ा तथा ABVP के हाथों गहरी पटखनी खाया जिसके सदमे से आजतक नही निकल पाया है।चुनाव ABVP बनाम 32 छात्रसंगठन था जिसमें ABVP ने 16 में 9 पर विजय हासिल किया जिसमें उपाध्यक्ष, संयुक्त सचिव, महासचिव,कोशाध्यक्ष ABVP के नाम रहा)(भ्रस्टाचारी,जातिवादी, राजनीतिवादी,हिन्दुविरोधी,32 पैरो के सहारे चलने वाला संगठन) ABVP के बढ़ते जनाधार और अल्प समय मे
MLT कॉलेज छात्रसंघ अध्यक्ष सागर कुमार नंन्हे के द्वारा किये गए कार्यो से भयभीत होकर राजनीतिक साजिस के तहत फंसा कर महाविद्यालय में भय का माहौल बना कर शैक्षिक कार्यो को रोकना चाहता हैं।महाविद्यालय को विकास के पटरी पर लाने तथा भ्रस्टाचार रोकने के लिए नोक झोंक होते रहता हैं।जिसके कारण अन्य छात्रसंगठन और कुछ कॉलेज कर्मियों द्वारा इनको लगातार बदनाम करने का कोसिस किया जा रहा हैं।
सर्वविदित है सभी महाविद्यालय में छात्रों के साथ हो रहे अन्याय, अबैध वसूली, भ्रस्टाचार कुछ महाविद्यालय कर्मियों के साथ मिलकर करना ही ऐसे लोगों का मुख्य पेशा हैं।ऐसे लोंगो का दुकान अब बन्द हो चुका है या बन्द के कगार पर है।
32 छात्रसंगठनो के कब्र पर बने संयुक्त छात्रसंगठन जब ABVP के खिलाफ नारेबाजी कररहे थे तो सबसे पहले अपने गिरेबाँ में झांकना चाहिए कि हम कितने है और क्या कररहे है।
किसी भी महाविद्यालय का शैक्षणिक गतिविधियों को ही आत्मा कहा जा सकता है लेकिन यही बन्द हो जाय तो छात्रों के साथ अन्याय हैं।
MLT कॉलेज में संयुक्त छात्र संगठन के द्वारा किया गया आंदोलन पूर्णतः राजनीति से प्रेरित है।महाविद्यालय कर्मी आदरणीय बड़े भाई #थापा_जी पूर्व में भी शराब सेवन के कारण डिटेन हुए हैं और स्थापना दिवस के रोज भी वो उसी स्थिति में थे।अन्य दिन भी उनका रवैया किसी शराबी से कम नही होता है पूर्व में भी संयुक्त छात्रसंगठन के ही एक घटक दल ने इनपर बत्तमीजी और धमकी का आरोप लगाया था। इनको छात्र से जुड़े कामों से हटाना चाहिए।
आम छात्रों के द्वारा नकारा गया संयुक्त छात्र संगठन के द्वारा कल जो शैक्षणिक माहौल खराब करने की कोसिस किया गया उसमें केवल और केवल असमाजिक तत्व के साथ हिन्दू देवी देवताओं को गाली देने वालों का जमावड़ा था।
इनसभी गतिविधियों में पदम थापा का अहम योगदान है तथा संयुक्त छात्रसंगठन के नाम पर महाविद्यालय में भय का माहौल बनाना चाहते है।जिसको कभी सफल होने नही दिया जाएगा।
महाविद्यालय प्रशासन के साथ साथ पुलिस प्रशासन से कुछ सवाल
1. जब महाविद्यालय में छात्र संघ हैं तो असमाजिक तत्वो को धरना प्रदर्शन करने का आदेश किसने दिया।
2. छात्रसंघ होने के बाद भी किस स्थिति में छात्र संगठनों और राजीनतिक व्यक्तियों के साथ बैठक किया गया
3.महाविद्यालय के छात्र संघ अध्यक्ष पर एक तरफा आरोप क्यों तय हुआ।
4.कल जो असमाजिक तत्वो ने वेवजह कॉलेज को बंद किया उसपर FIR क्यों नही लांच किया गया।
5. कल फिर ये संयुक्त छात्र संगठनों ने कॉलेज कर्मियों से दुर्व्यवहार किया उस पर महाविद्यालय चुप क्यों है।
6. कोई छात्र छात्रसंघ महासचिव के नाम पर कैसे महाविद्यालय के अति संवेदनशील कागजात को छू सकता है और छूने का अधिकार किसने दिया
ABVP महाविद्यालय को सुचारू रूप से चलाने के लिए हमेसा से प्राचार्य को सहयोग कररही हैं तथा शैक्षिणिक गतिविधियों को शुरू करवाने को प्रयत्न शील है।
मुरारी कुमार मयंक
Murari Kumar Mayank
विभाग संयोजक ABVP सहरसा सुपौल।

