BNNU में पढ़ने वाले छात्रों की समस्या हमारी समस्या है- मुरारी कुमार मयंक
याद रखना...AIIMS को सहरसा से हटाने वाले.. सहरसा मधेपुरा सड़क नही बना पाने वाले...ओवर ब्रिज का उद्घाटन के बाद भी नही बना पाने वाले सांसद को मधेपुरा लोकसभा से भगा के रहेंगे याद कर लीजिए...और हाँ हमहि ब्राह्मण है सिर्फ ढोल पीटने नही आता है न ही दिखाने आता हैं। वेद जानाति ब्राह्मणः।
बस चुनाव जीतना था...क्योंकि कुछ लोग BNMU में अपने दलाल को भेज कर यूनिवर्सिटी में पढ़ने वाले छात्र के भविष्य को बर्वाद करना चाहता था...
चुनाव में अपनी दमदार उपस्थिति दिए...और दो टके के लौंडे जो सिर्फ फेसबुक पर ज्ञान पेल रहे हो तमलोगों को ID बन्द कर हिमालय जाना पर जाएगा नही तो अपने घर मे दुबक के रहना होगा...
बेशर्म...हमको वो लोग भी याद है जिसका विचारधारा मर गया है हमको वो भी याद है जिसने छात्रसंघ चुनाव में किसी खास संगठन को बचाने के लिए हमलोगों को जाति पति में फंसाया ...और वो जिनको BNMU का हालात नही दिखा अपना गॉव दिखा... ABVP के खिलाप अनर्गल शब्द का प्रयोग किया...ये लोग अपने स्वार्थ सिद्धि के लिए अपने भाई को नही छोड़ेगा वास्तविक में ऐसे लोगों को अपना गॉव नही अपना घर दिखता है अरे घर भी नही खुद का प्रॉफिट दिखता हैं ये छात्रसंघ चुनाव कोई बड़ा चुनाव नही है लेकिन समाज को ऐसे भेड़ियों से दूर रहना चाहिए ..छात्रसंघ चुनाव के बहाने अधूरे ज्ञान बाटने वाले अपने ज्ञान को झोरे में रख कर निकल लो...तुम जैसे लोगो से BNMU का भलाई नही हैं।
जिससे BNMU का भलाई नही उससे मेरा कोई वास्ता नही...
और हैं औकाद भी एक शब्द है जो बहुत कुछ बताता हैं.पैसे बाटने वाले अब बिल में दुबक गए...
अरे मूर्ख छात्रसंघ चुनाव को आम चुनाव नही है...आम मतदाताओं को धोखे में रखना आसान है लेकिन हम छात्रों को नही बर्गला पाओगे.....
जिसने भी ABVP के खिलाप बोला लिखा ABVP के कार्यकर्त्ता तुमको अच्छा जवाब दिया और देगा...
बस लिखते रहेंगे....अच्छा लगा क्योंकि वर्तमान शैक्षणिक हालात पर सोशल मीडिया को चर्चा करने नही दिया ये दलाल....
कंटीन्यू.....
Murari Kumar Mayank
विभाग संयोजक ABVP सहरसा सुपौल।
याद रखना...AIIMS को सहरसा से हटाने वाले.. सहरसा मधेपुरा सड़क नही बना पाने वाले...ओवर ब्रिज का उद्घाटन के बाद भी नही बना पाने वाले सांसद को मधेपुरा लोकसभा से भगा के रहेंगे याद कर लीजिए...और हाँ हमहि ब्राह्मण है सिर्फ ढोल पीटने नही आता है न ही दिखाने आता हैं। वेद जानाति ब्राह्मणः।
बस चुनाव जीतना था...क्योंकि कुछ लोग BNMU में अपने दलाल को भेज कर यूनिवर्सिटी में पढ़ने वाले छात्र के भविष्य को बर्वाद करना चाहता था...
चुनाव में अपनी दमदार उपस्थिति दिए...और दो टके के लौंडे जो सिर्फ फेसबुक पर ज्ञान पेल रहे हो तमलोगों को ID बन्द कर हिमालय जाना पर जाएगा नही तो अपने घर मे दुबक के रहना होगा...
बेशर्म...हमको वो लोग भी याद है जिसका विचारधारा मर गया है हमको वो भी याद है जिसने छात्रसंघ चुनाव में किसी खास संगठन को बचाने के लिए हमलोगों को जाति पति में फंसाया ...और वो जिनको BNMU का हालात नही दिखा अपना गॉव दिखा... ABVP के खिलाप अनर्गल शब्द का प्रयोग किया...ये लोग अपने स्वार्थ सिद्धि के लिए अपने भाई को नही छोड़ेगा वास्तविक में ऐसे लोगों को अपना गॉव नही अपना घर दिखता है अरे घर भी नही खुद का प्रॉफिट दिखता हैं ये छात्रसंघ चुनाव कोई बड़ा चुनाव नही है लेकिन समाज को ऐसे भेड़ियों से दूर रहना चाहिए ..छात्रसंघ चुनाव के बहाने अधूरे ज्ञान बाटने वाले अपने ज्ञान को झोरे में रख कर निकल लो...तुम जैसे लोगो से BNMU का भलाई नही हैं।
जिससे BNMU का भलाई नही उससे मेरा कोई वास्ता नही...
और हैं औकाद भी एक शब्द है जो बहुत कुछ बताता हैं.पैसे बाटने वाले अब बिल में दुबक गए...
अरे मूर्ख छात्रसंघ चुनाव को आम चुनाव नही है...आम मतदाताओं को धोखे में रखना आसान है लेकिन हम छात्रों को नही बर्गला पाओगे.....
जिसने भी ABVP के खिलाप बोला लिखा ABVP के कार्यकर्त्ता तुमको अच्छा जवाब दिया और देगा...
बस लिखते रहेंगे....अच्छा लगा क्योंकि वर्तमान शैक्षणिक हालात पर सोशल मीडिया को चर्चा करने नही दिया ये दलाल....
कंटीन्यू.....
Murari Kumar Mayank
विभाग संयोजक ABVP सहरसा सुपौल।
